हिमपात से ठंड बढ़ी
उत्तराखंड में मौसम ने एक बार फिर अपना रुख बदल लिया है. देवभूमि के कई जिलों में बारिश का दौर तेज हो गया है, जबकि ऊंचाई वाले इलाकों में बर्फबारी शुरू होने से ठंड बढ़ने लगी है. मौसम विभाग ने 27 सितंबर को मौसम और ज्यादा खराब रहने का अनुमान जताया है. भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने देहरादून, टिहरी, हरिद्वार और पौड़ी जिलों में भारी से बहुत भारी बारिश के साथ कहीं-कहीं अत्यंत भारी बारिश की संभावना जताते हुए गंभीर चेतावनी (रेड अलर्ट) जारी किया है. वहीं, नैनीताल, उत्तरकाशी, चमोली और रुद्रप्रयाग में भी भारी से बहुत भारी बारिश का अलर्ट है. इसके अलावा कई जिलों में गरज-चमक, आकाशीय बिजली और 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से झोंकेदार हवाएं चलने की संभावना है।
इलाकों में साफ दिखाई देने लगा है. लगातार बारिश के कारण कई जगह सड़क पर मलबा और बोल्डर गिरने से यातायात प्रभावित हुआ है. मौसम के इस भीषण तेवर को देखते हुए शासन-प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड पर आ गया है. गढ़वाल आयुक्त ने सुरक्षा के लिहाज से ऐतिहासिक कदम उठाते हुए 26 सितंबर की दोपहर से 27 सितंबर तक चारधाम यात्रा पर पूर्ण रूप से अस्थायी रोक लगा दी है. तो वहीं, नैनीताल जिले में बारिश और लैंडस्लाइड के चलते कुल 11 सड़कें बंद हैं, जिनमें दो स्टेट हाईवे और नौ गांवों की सड़कें शामिल हैं. दूसरी तरफ उत्तरकाशी में निचले इलाकों में लगातार बारिश हो रही है, जबकि ऊंचाई वाले क्षेत्रों में बर्फबारी शुरू हो गई है. गौमुख ट्रैक से बर्फबारी की तस्वीरें सामने आई हैं. बदरीनाथ धाम और हेमकुंड साहिब की चोटियां भी बर्फ की सफेद चादर से ढक गई हैं. जिससे समूचे क्षेत्र में ठंड में दस्तक दी है।
